
27 सितंबर को भारतीय सिनेमा के “रोमांस के बादशाह” यश चोपड़ा की 94वीं जयंती है। वर्ष 1932 में लाहौर में जन्मे यश चोपड़ा ने हिंदी सिनेमा को एक नई पहचान दी।
उन्होंने यश राज फिल्म्स की स्थापना की, जो आज भारतीय फिल्म उद्योग के सबसे बड़े बैनरों में गिना जाता है। दीवार, चांदनी, दिल तो पागल है और वीर-ज़ारा जैसी फिल्मों के जरिए उन्होंने एक्शन से लेकर रोमांस तक हर विधा में अपनी छाप छोड़ी।
भारतीय सिनेमा में उनके योगदान के लिए उन्हें दादासाहेब फाल्के पुरस्कार से सम्मानित किया गया। वर्ष 2005 में उन्हें पद्म भूषण भी प्रदान किया गया।
21 अक्टूबर 2012 को मुंबई में उनका निधन हो गया, लेकिन उनकी फिल्में और उनके बनाए किरदार आज भी दर्शकों के दिलों में जिंदा हैं।
