भोपाल ब्यूरो। केंद्रीय कृषि मंत्री और मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के बेटे कार्तिकेय सिंह चौहान ने खेल प्रशासन के मैदान में कदम रख दिया है। उन्हें मध्य प्रदेश वॉलीबॉल संघ का निर्विरोध अध्यक्ष चुन लिया गया है। भोपाल स्थित केंद्रीय कृषि अभियांत्रिकी संस्थान में रविवार को आयोजित चुनाव में प्रदेश के 33 जिला वॉलीबॉल संघों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया और नई कार्यकारिणी के गठन पर सहमति जताई। कार्तिकेय सिंह चौहान वर्ष 2026 से 2030 तक के चार वर्ष के कार्यकाल के दौरान संघ की कमान संभालेंगे।
चुनाव अधिकारी ने की निर्विरोध निर्वाचन की घोषणा
मध्य प्रदेश वॉलीबॉल एसोसिएशन के इस चुनाव में चुनाव अधिकारी दिलीप मालवीय ने नेशनल स्पोर्ट्स गवर्नेंस एक्ट के प्रावधानों का पालन करते हुए पूरी प्रबंध कार्यकारिणी के निर्विरोध निर्वाचन की आधिकारिक घोषणा की। चुनाव प्रक्रिया के दौरान सभी 33 जिला संघों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। निर्विरोध चुनाव का मतलब है कि अध्यक्ष समेत किसी भी पद के लिए एक से अधिक नामांकन नहीं आए थे, जिससे मतदान की नौबत ही नहीं आई।
कौन-कौन बना पदाधिकारी
नई प्रांतीय कार्यकारिणी में कार्तिकेय सिंह चौहान के अध्यक्ष बनने के साथ अनवर खान को वरिष्ठ उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी दी गई है। विधायक आशीष शर्मा और राम पांडे को उपाध्यक्ष पद पर चुना गया है। कार्यकारिणी के संचालन के लिए सतीश जोशी को महासचिव और विशाल शर्मा को कोषाध्यक्ष बनाया गया है। संयुक्त सचिव पद की जिम्मेदारी डीआर सिंह और राजेश शुक्ला को सौंपी गई है। प्रबंध कार्यकारिणी सदस्यों के रूप में ग्वालियर के भूपेंद्र कांत, आशीष सिंह, वीरेंद्र चतुर्वेदी, रीवा के कृष्णानंद और मेरिट खिलाड़ी श्वेता शर्मा का चयन किया गया है।
वॉलीबॉल खेल नीति 2026 का ऐलान
अध्यक्ष पद संभालने के बाद कार्तिकेय ने राज्य में वॉलीबॉल खेल के विकास के लिए ‘मध्य प्रदेश वॉलीबॉल खेल नीति 2026’ का प्रारूप जल्द तैयार करने का ऐलान किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश के हर जिले में वॉलीबॉल को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के लिए एक मजबूत रोडमैप बनाया जाएगा, ताकि गांव-गांव से छिपी हुई प्रतिभाएं बाहर निकल सकें और खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएं मिल सकें।
कार्तिकेय ने अपनी प्राथमिकताएं बताते हुए कहा कि उनका मुख्य मकसद वॉलीबॉल को प्रदेश के हर गांव और युवा तक पहुंचाना है। नई प्रतिभाओं को मौका देने, खिलाड़ियों को अच्छी ट्रेनिंग सुविधाएं मुहैया कराने और जिला संघों को आर्थिक मदद देने पर खास काम किया जाएगा। बैठक में विभिन्न आयु वर्गों की राज्य स्तरीय वॉलीबॉल चैंपियनशिप आयोजित कराने की स्वीकृति भी दी गई। साथ ही संघ की वैधानिक स्थिति के संबंध में सदन को विस्तृत जानकारी दी गई।

खेल प्रशासन से सियासत की पिच तैयार?
खेल प्रशासन में कार्तिकेय के प्रवेश के साथ ही उनकी चुनावी राजनीति में संभावित भूमिका को लेकर चल रही चर्चाओं को नई दिशा मिल गई है। सियासी गलियारों में इसे उनके सियासी भविष्य की तैयारी के तौर पर देखा जा रहा है। गौरतलब है कि प्रदेश में इससे पहले भी दिग्गज नेताओं के परिजन खेल संघों के जरिए सार्वजनिक जीवन में सक्रिय हुए हैं, इसलिए कार्तिकेय के इस कदम को केवल खेल प्रशासन तक सीमित नहीं माना जा रहा। हालांकि कार्तिकेय ने खुद अभी चुनावी राजनीति को लेकर कोई बयान नहीं दिया है।
कौन हैं कार्तिकेय सिंह चौहान
कार्तिकेय सिंह चौहान केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान के बेटे हैं। वे लंबे समय से सार्वजनिक कार्यक्रमों और सामाजिक गतिविधियों में सक्रिय रहे हैं, लेकिन किसी संवैधानिक या संगठनात्मक पद पर यह उनकी पहली बड़ी जिम्मेदारी मानी जा रही है। मध्य प्रदेश वॉलीबॉल संघ के अध्यक्ष के तौर पर अब उन्हें पूरे प्रदेश में खेल के विकास, जिला संघों के समन्वय और राष्ट्रीय स्तर पर राज्य के प्रतिनिधित्व की जिम्मेदारी निभानी होगी।
