इंदौर ब्यूरो। अनुशासन डर से नहीं, प्रोत्साहन से आता है — इसी सोच के साथ पुलिस कमिश्नर श्री संतोष कुमार सिंह ने सोमवार को अनंत चतुर्दशी चल समारोह के प्रथम तीन अखाड़ों को “अखाड़ा गौरव सम्मान” से सम्मानित किया। अनंत चतुर्दशी पर्व किसी जाति-समाज का नहीं, बल्कि सर्वधर्म का पर्व है — कहने को यह परंपरा 103 बरस की हो गई है।

बीते कुछ सालों में हुड़दंग और बदमाशों की आवारगी के चलते शहर के शांतिप्रिय लोगों ने इस पर्व से दूरी बना ली थी। इस बदरंग तस्वीर को बदलने का काम पुलिस कमिश्नर श्री संतोष सिंह जी ने किया — अखाड़ा संचालकों के साथ कई दौर की बैठकें, कानून व्यवस्था के कड़े इंतजाम और माहौल बिगाड़ने वालों की घेराबंदी के साथ अखाड़ों के लिए सम्मान सहित नगद पुरस्कार की घोषणा की गई। नतीजा सबके सामने है — इस बार प्रशासन और पुलिस का गजब का तालमेल दिखा, और शहर की जनता बेखौफ परिवार के साथ सड़क पर निकली।
तीन सर्वश्रेष्ठ अखाड़ों को नगद पुरस्कार
अनुशासन, टाइमिंग, सुरक्षा व्यवस्था और बेहतर तालमेल जैसे बिंदुओं के आकलन के बाद ज्यूरी ने तीन सर्वश्रेष्ठ अखाड़ों का चयन किया। प्रथम स्थान पर चयनित चंद्रपाल गुरु व्यायाम शाला को सम्मान पत्र और 51,000 रुपये, द्वितीय स्थान पर श्री दास हनुमान व्यायाम शाला को 31,000 रुपये और सम्मान पत्र, तथा तृतीय स्थान पर ब्रजलाल गुरु एवं व्यायामशाला शंकरगंज को 21,000 रुपये और सम्मान पत्र से अलंकृत किया गया।
जूरी सदस्यों का भी सम्मान
पुलिस कमिश्नर ने इस मौके पर जूरी के सदस्यों का भी विशेष सम्मान किया — इन्हीं के निष्पक्ष आकलन के आधार पर सर्वश्रेष्ठ अखाड़ों का चयन हुआ था। सम्मानित जूरी सदस्यों में श्री अरविंद तिवारी (आईपीसी के पूर्व अध्यक्ष), सुश्री रचना जौहरी, श्री प्रदीप जोशी (महासचिव), श्री संजय त्रिपाठी (उपाध्यक्ष) और सुश्री प्रियंका पांडेय शामिल हैं।

इंदौर प्रेस क्लब की ओर से अध्यक्ष श्री दीपक कर्दम ने पुलिस प्रशासन का आभार व्यक्त किया।
