एशियाई खेल 2026 के पुरुष हॉकी फाइनल में भारत ने मलेशिया को 5-1 के बड़े अंतर से हराकर स्वर्ण पदक अपने नाम कर लिया है। शनिवार को जापान के काकामिगाहारा में खेले गए फाइनल में कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने दो गोल दागे। इस जीत के साथ ही भारत ने 2028 के लॉस एंजिल्स ओलंपिक के लिए सीधे क्वालीफाई कर लिया है।
हरमनप्रीत-जुगराज के ड्रैग-फ्लिक ने रचा इतिहास
मैच की शुरुआत में मलेशिया ने भारत पर दबाव बनाया, लेकिन कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने 11वें मिनट में पेनल्टी कॉर्नर पर शानदार ड्रैग-फ्लिक लगाकर भारत को बढ़त दिलाई। 14वें मिनट में मलेशिया के शेलो सिल्वेरियस ने गोल कर मैच बराबर कर दिया। पहले क्वार्टर का अंत 1-1 की बराबरी पर हुआ। 23वें मिनट में जुगराज सिंह ने एक और पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदलकर भारत को 2-1 से आगे कर दिया।
दूसरे हाफ में भारत का दबदबा
दूसरे हाफ में भारत ने पूरी तरह दबदबा कायम रखा। 42वें मिनट में उप-कप्तान हार्दिक सिंह ने पेनल्टी स्ट्रोक पर गोल किया, जबकि 54वें मिनट में शिलानंद लाकरा ने फील्ड गोल दागकर स्कोर 4-1 कर दिया। 57वें मिनट में हरमनप्रीत सिंह ने मैच का अपना दूसरा और टीम का पांचवां गोल पेनल्टी कॉर्नर पर लगाया। मलेशिया रजत पदक से संतोष करना पड़ा, जबकि पाकिस्तान ने दक्षिण कोरिया को 5-3 से हराकर कांस्य पदक जीता।
पहली बार लगातार दो स्वर्ण, LA ओलंपिक का टिकट पक्का
यह भारत का पुरुष हॉकी में पांचवां एशियाई खेल स्वर्ण पदक है (1966, 1998, 2014, 2022, 2026) — और पहली बार भारत ने लगातार दो बार यह खिताब जीता है। खास बात यह रही कि एक दिन पहले महिला टीम ने चीन को 1-0 से हराकर 44 साल बाद स्वर्ण जीता था; एशियाई खेलों के इतिहास में पहली बार भारत की पुरुष और महिला दोनों टीमों ने एक ही संस्करण में स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इस जीत से भारत ने लॉस एंजिल्स 2028 ओलंपिक के लिए सीधा क्वालीफिकेशन हासिल कर लिया है।
