डेस्क रिपोर्ट।
सार: आज का पंचांग 6 नवंबर 2026 — शुक्रवार को कार्तिक कृष्ण पक्ष की द्वादशी सुबह करीब 10:31 बजे तक रहेगी, फिर त्रयोदशी शुरू हो जाएगी और धनतेरस मनाया जाएगा — इंदौर में सूर्योदय सुबह 6:34 बजे और सूर्यास्त शाम 5:46 बजे रहेगा, शुभ काम राहुकाल से बचाकर करें।
आज का पंचांग 6 नवंबर 2026, शुक्रवार। कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की द्वादशी तिथि आज सूर्योदय के समय रहेगी, इसलिए दिन की शुरुआत द्वादशी से होगी। द्वादशी सुबह करीब 10:31 बजे समाप्त होगी, उसके बाद त्रयोदशी तिथि शुरू हो जाएगी, जो 7 नवंबर को सुबह करीब 10:47 बजे तक रहेगी। त्रयोदशी में ही धनतेरस का पर्व मनाया जाएगा। आज शुक्र प्रदोष का व्रत भी रखा जाएगा।
आज का पंचांग 6 नवंबर 2026: तिथि, नक्षत्र और योग
आज का पंचांग 6 नवंबर 2026 के अनुसार हस्त नक्षत्र पूरी रात रहेगा — 7 नवंबर को सुबह करीब 4:43 बजे तक, उसके बाद चित्रा नक्षत्र शुरू होगा। योग की बात करें तो विष्कुम्भ योग 7 नवंबर को सुबह करीब 4:09 बजे तक रहेगा, फिर प्रीति योग शुरू हो जाएगा। करण में तैतिल सुबह करीब 10:31 बजे तक रहेगा, फिर गर करण शुरू होगा, जो रात करीब 10:36 बजे तक रहेगा। चंद्रमा दिनभर कन्या राशि में रहेगा। सूर्य तुला राशि में और स्वाति नक्षत्र में है। इंदौर का दैनिक पंचांग के अनुसार आज का दिन खरीदारी और व्यवस्था के कामों के लिए अच्छा माना जाता है।
इंदौर का सूर्योदय, सूर्यास्त और राहुकाल
इंदौर में आज सूर्योदय सुबह 6:34 बजे और सूर्यास्त शाम 5:46 बजे रहेगा। दिन का राहुकाल सुबह करीब 10:47 बजे से दोपहर करीब 12:10 बजे तक रहेगा — यह इंदौर के सूर्योदय-सूर्यास्त से की गई सामान्य गणना है, इसलिए इसे इंदौर-विशेष पुष्ट समय के रूप में न लें। अभिजीत मुहूर्त सुबह करीब 11:42 बजे से दोपहर करीब 12:26 बजे तक रहेगा — यह भी सामान्य गणना है। आज दिशा शूल पश्चिम दिशा में है, इसलिए पश्चिम दिशा की यात्रा से बचना अच्छा माना जाता है।

धनतेरस और शुक्र प्रदोष का महत्व
धनतेरस कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी को मनाया जाता है, जो दीपावली के पर्व की शुरुआत मानी जाती है। परंपरा के अनुसार इस दिन धन्वंतरि की पूजा की जाती है और सोना-चांदी या घर की जरूरी चीजें खरीदना शुभ माना जाता है। शाम को प्रदोष काल में पूजा का मुहूर्त रहता है — प्रदोष काल शाम करीब 5:33 बजे से रात करीब 8:09 बजे तक और वृषभ काल शाम करीब 6:02 बजे से 7:57 बजे तक माना जाता है; शहर के अनुसार समय में कुछ मिनट का अंतर हो सकता है। धनतेरस की शाम को यम दीपदान की भी परंपरा है, जिसमें घर के बाहर दीप जलाया जाता है। ये बातें परंपरा और मान्यता के अनुसार बताई जा रही हैं, किसी दावे के रूप में नहीं।
आज का पंचांग 6 नवंबर 2026: शुभ काम और सावधानी
आज का पंचांग 6 नवंबर 2026 बताता है कि बड़े और शुभ काम अभिजीत मुहूर्त में करना अच्छा रहेगा, जबकि राहुकाल में नए काम की शुरुआत टालना बेहतर है। हस्त नक्षत्र हाथ के काम, कारीगरी और खरीदारी से जुड़े कामों के लिए अच्छा माना जाता है। खरीदारी बजट के भीतर करें और भीड़ में सामान और पैसों का ध्यान रखें। दिनभर पानी, आराम और समय पर भोजन का ध्यान रखें।
नोट: पंचांग के समय स्थान के अनुसार कुछ मिनट आगे-पीछे हो सकते हैं। यहां दिए गए राहुकाल और अभिजीत मुहूर्त सामान्य गणना पर आधारित हैं। किसी विशेष पूजा या संस्कार का मुहूर्त अलग से देखना चाहिए।
