डेस्क रिपोर्ट
इंदौर में कालिंदी गोल्ड सिटी के पास स्थित बीटा इंडस्ट्रियल पार्क में ऑयल-पेंट्स और केमिकल से जुड़ी 3 फैक्ट्रियों में भीषण आग लग गई। इस दर्दनाक हादसे में दो फैक्ट्रियां पूरी तरह से जलकर राख हो गईं, जिससे भारी आर्थिक नुकसान की आशंका जताई जा रही है। गनीमत रही कि हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई। आग की लपटें और काले धुएं का गुबार इतना भयावह था कि दूर-दूर तक दिखाई दे रहा था।
कैसे लगी आग
आग लगने के कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है। केमिकल से जुड़ी फैक्ट्रियां होने की वजह से आग ने तेजी से विकराल रूप ले लिया। ऑयल, पेंट और केमिकल जैसे ज्वलनशील पदार्थों के भंडार के कारण आग बुझाने में दमकल कर्मियों को भारी मशक्कत करनी पड़ी। सूचना मिलते ही दमकल की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग बुझाने का काम शुरू किया। पुलिस के अधिकारी भी मौके पर मौजूद रहे और आसपास के क्षेत्र को सुरक्षित किया।
वीडियो में दिखा भयावह मंजर
घटनास्थल के वीडियो में आग की भयावहता साफ देखी जा सकती है। फैक्ट्री परिसर से ऊंची-ऊंची लपटें उठ रही थीं और काले धुएं का घना गुबार आसमान में छा गया था। परिसर में नीले रंग के केमिकल ड्रम रखे दिखाई दे रहे हैं, जिनमें से कुछ जमीन पर लुढ़के हुए भी दिखे। आग के कारण पूरे इलाके में दहशत का माहौल बन गया और आसपास के लोग सुरक्षित दूरी पर खड़े होकर मंजर देखते रहे।
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दमकल की कड़ी मशक्कत
केमिकल फैक्ट्री में लगी आग को बुझाना सामान्य आग से कहीं ज्यादा चुनौतीपूर्ण होता है, क्योंकि पानी के साथ केमिकल की प्रतिक्रिया से आग और भड़क सकती है। दमकल कर्मियों ने सावधानी के साथ आग पर काबू पाने की कोशिश की। काले धुएं के कारण आसपास के क्षेत्र में सांस लेने में भी दिक्कत महसूस की गई। दमकल की गाड़ियां लंबे समय तक मौके पर डटी रहीं ताकि आग दोबारा न भड़क सके।
भारी नुकसान की आशंका
आग की चपेट में आई दो फैक्ट्रियां पूरी तरह जलकर राख हो गईं। फैक्ट्रियों में रखे केमिकल, पेंट, मशीनरी और अन्य सामान के जलने से भारी आर्थिक नुकसान की आशंका जताई जा रही है। आग की लपटें इतनी तेज थीं कि फैक्ट्रियों की इमारतों को भी गंभीर क्षति पहुंची है। नुकसान का सही आकलन आग पूरी तरह बुझने और जांच के बाद ही हो सकेगा।
कोई जनहानि नहीं — सबसे बड़ी राहत
राहत की बात यह रही कि हादसे के समय फैक्ट्रियों में मौजूद सभी लोग सुरक्षित बाहर निकल आए। हताहत होने की कोई सूचना नहीं है। समय रहते लोगों के बाहर निकल आने से एक बड़ा हादसा टल गया। पुलिस और प्रशासन के अधिकारी मौके पर मौजूद हैं और स्थिति पर नजर रखे हुए हैं।
केमिकल फैक्ट्री में आग क्यों होती है खतरनाक
केमिकल और ऑयल-पेंट फैक्ट्रियों में आग लगना इसलिए ज्यादा खतरनाक माना जाता है, क्योंकि यहां रखे ज्वलनशील रसायन आग को तेजी से फैलाते हैं और जहरीला धुआं छोड़ते हैं। ऐसे में आग बुझाने के साथ-साथ आसपास के लोगों को सुरक्षित दूरी पर रखना भी जरूरी होता है। इसीलिए दमकल विभाग ऐसी आग पर विशेष सावधानी के साथ काबू पाता है।
जांच जारी, कारणों का पता लगाया जाएगा
आग लगने के सही कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है। आग पूरी तरह बुझने के बाद पुलिस और प्रशासन की टीम जांच करेगी कि आग कैसे लगी और क्या सुरक्षा मानकों में कोई चूक हुई थी। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
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