इंदौर ब्यूरो। शहर के सबसे बड़े डबल डेकर फ्लाईओवर की दूसरी भुजा यातायात के लिए लगभग तैयार हो गई है। लवकुश चौराहा पर बन रहे इस फ्लाईओवर की दूसरी भुजा पर डामर बिछाने का काम पूरा कर लिया गया है और लाइटिंग भी चालू कर दी गई है। आईडीए अधिकारियों के अनुसार जल्द ही इस भुजा से वाहनों का आवागमन शुरू कर दिया जाएगा।
इस भुजा के खुलने के बाद बाणगंगा की तरफ से आने वाले वाहन फ्लाईओवर के ऊपर से सीधे उज्जैन रोड पर पहुंच सकेंगे। चौराहे पर सिग्नल पर रुकने की जरूरत नहीं होगी। रोजाना इस मार्ग से गुजरने वाले करीब एक लाख वाहनों को राहत मिलने की उम्मीद है। पीक आवर्स में लगने वाले जाम से भी निजात मिलेगी।
23 मीटर ऊंचा, नीचे से गुजरेगा मेट्रो कॉरिडोर
तीन साल पहले शुरू हुए इस फ्लाईओवर की सबसे बड़ी खासियत इसका डबल डेकर डिजाइन है। मुख्य चौराहे पर इसकी ऊंचाई करीब 23 मीटर है। इसके नीचे से मेट्रो कॉरिडोर गुजर रहा है। डबल डेकर संरचना के कारण फ्लाईओवर और मेट्रो कॉरिडोर को एक ही चौराहे पर समायोजित किया गया है।
173 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे इस फ्लाईओवर की लंबाई करीब डेढ़ किलोमीटर है। छह लेन के इस फ्लाईओवर में 400-400 टन वजनी दो ब्रिज स्टिंग लगाई गई हैं। मुख्य चौराहे के अलावा अन्य पियर में सीमेंट के सेगमेंट बनाए गए हैं।
पहली भुजा जुलाई में खुली थी
फ्लाईओवर की उज्जैन रोड से बाणगंगा जाने वाली पहली भुजा का निर्माण पहले ही पूरा हो चुका है। इस भुजा को 24 जुलाई को मुख्यमंत्री द्वारा यातायात के लिए खोल दिया गया था। इसके बाद से ही दूसरी भुजा को शुरू करने की कवायद चल रही थी। डामरीकरण और लाइटिंग के काम में देरी के कारण इसका शुभारंभ अटका हुआ था। अब सभी कार्य पूरे हो चुके हैं।
सुरक्षा पर भी ध्यान
उज्जैन रोड की तरफ उतरने वाले हिस्से पर यातायात सुरक्षा को लेकर सावधानी बरतने की जरूरत होगी। फ्लाईओवर से उतरते ही सड़क के कट के कारण वाहनों के टकराने का खतरा रहता है। सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में इस हिस्से के कट को बंद करने का निर्णय लिया गया है, ताकि यातायात व्यवस्था सुरक्षित रहे।
