भोपाल ब्यूरो। मध्यप्रदेश में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है और मौसम विभाग ने शनिवार को प्रदेश के पूर्वी हिस्से के 18 जिलों में भारी से अति भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। जबलपुर, रीवा, सागर और शहडोल संभाग के जिलों में अगले 48 घंटों तक तेज बारिश का दौर जारी रहने की संभावना जताई गई है।
मौसम विभाग के अनुसार निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर और सतना में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है, जहां मूसलाधार बारिश के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं। इसके अलावा भिंड, दतिया, पन्ना, रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, दमोह, कटनी, मैहर, उमरिया, शहडोल, जबलपुर, मंडला और डिंडौरी में भारी बारिश का यलो अलर्ट है।

तेज बारिश की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने सतना जिले में शनिवार को नर्सरी से कक्षा 8वीं तक और मैहर जिले में नर्सरी से कक्षा 12वीं तक के सभी स्कूलों में अवकाश घोषित कर दिया है। अधिकारियों ने निचले इलाकों में रहने वाले लोगों से सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार बंगाल की खाड़ी में बने चक्रवाती सिस्टम के कमजोर पड़ने और गहरे अवदाब के उत्तर-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ने के कारण पूर्वी मध्यप्रदेश में नमी बनी हुई है, जिससे बारिश का दौर जारी है। इसी सिस्टम के चलते मानसून की वापसी भी तीन दिन से आगे नहीं बढ़ पाई है।
पिछले 24 घंटों में शहडोल, जबलपुर, सागर और रीवा संभाग के अधिकांश जिलों में भारी बारिश दर्ज की गई। अमरपाटन में सर्वाधिक 68 मिलीमीटर बारिश हुई, जबकि टीकमगढ़ में 56 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलीं। पचमढ़ी में न्यूनतम तापमान 19 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
वहीं प्रदेश के पश्चिमी हिस्से में भोपाल, इंदौर, उज्जैन, धार, खंडवा, खरगोन, रतलाम और ग्वालियर समेत कई जिलों में हल्की बारिश या बूंदाबांदी के आसार हैं। मौसम विभाग ने लोगों से मौसम की ताजा जानकारी पर नजर बनाए रखने की सलाह दी है।
