





इंदौर शहर के भागीरथपुरा में प्रशासनिक लापरवाही औरभाजपा के भ्रष्टाचार के कारण 15 निर्दोष नागरिकों की हुई मौत के विरोध में युवक कांग्रेस द्वारा नगर निगम कार्यालय के बाहर जोरदार आंदोलन किया गया। इस दौरान पीड़ित परिवारों को एक-एक करोड़ रुपये मुआवजा देने, अस्पताल में भर्ती नागरिकों के समस्त इलाज का बिल माफ करने, मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और महापौर से तत्काल इस्तीफा लेने तथा इस पूरे मामले में जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज करने की मांग की।
इंदौर शहर युवक कांग्रेस अध्यक्ष अमित पटेल की अगुवाई में आयोजित इस आंदोलन में प्रदेश युवक कांग्रेस प्रभारी शिवि सिंह चौहान, जिला कांग्रेस अध्यक्ष विपिन वानखेड़े,अमन बजाज जी , वरेशपाल सिंह जादौन
सीमा सोलंकी ,मोनिका मांडरे, प्रतीक मित्तल बलवंत तटवाड़े सहित कांग्रेस से जुड़े सभी मोर्चों के पदाधिकारी और कार्यकर्ता बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि यह कोई दुर्घटना नहीं, बल्कि भाजपा के कुशासन, संवेदनहीन प्रशासन और बेलगाम भ्रष्टाचार का खूनी नतीजा है। विकास के झूठे नारे लगाकर सत्ता हासिल करने वाले भाजपा नेता अपनी तिजोरियां भरने के लिए जनता को गंदा और ज़हरीला पानी पीने को मजबूर कर रहे हैं। यह लापरवाही नहीं, बल्कि जनता के जीवन के साथ खुला खिलवाड़ है।
कांग्रेस ने चेतावनी दी कि जब तक मृतकों के परिजनों को पूर्ण न्याय नहीं मिलता और इस जघन्य कृत्य के लिए जिम्मेदार भाजपा नेताओं, महापौर और अधिकारियों के खिलाफ गैर-इरादतन हत्या का मामला दर्ज नहीं किया जाता, तब तक कांग्रेस पार्टी का संघर्ष सड़क से लेकर सदन तक लगातार जारी रहेगा।
